General Knowledge
Asia - Geographical Form

एशिया
भौगोलिक स्वरूप
- उत्तरी गोलार्द्ध में स्थित ’एशिया’ विश्व में जनसंख्या तथा क्षेत्रफल की दृष्टि से सबसे बड़ा महाद्वीप हैं इसका कुल क्षेत्रफल 450 लाख वर्ग किमी है जो विश्व के कुल स्थलीय भू-भाग का लगभग एक-तिहाई (29.5%) हिस्सा है। एशिया में कुल 48 देश हैं। इनमें से रूस, कजाकिस्तान तथा तुर्की का भौगोलिक क्षेत्र यूरोप और एशिया के मध्य फैला है।
- एशिया की अनुमानित जनसंख्या 4ण्4 अरब है जो विश्व की कुल जनसंख्या का 2/5 (16.1%) है। चीन एशिया और विश्व में जनसंख्या की दृष्टि से सबसे बड़ा देश है। एशिया में विषुवतीय, ध्रुवीय तथा उपध्रुवीय, उष्ण एवं शुष्क तथा महाद्वीपीय जलवायु पाई जाती है। ’मानसून’ एशियाई जलवायु की विशेषता है।
- एशिया का उत्तरी बिन्दु केप फ्लिगेली (रूस), दक्षिणतम बिन्दु पमाना द्वीप (इण्डोनेशिया), पश्चिमी बिन्दु केव बाबा (तुर्की) तथा पूर्वी बिन्दु बिग डियॉमिड (रूस) है। दक्षिण तथा दक्षिण-पूर्वी एशिया में मानसूनी जलवायु पाई जाती है। उच्चावन तथा वायुदाब से ’मानसून’ प्रभावित होता है।
निवासी एवं मानव संसाधन
- एशिया का औसत जन-घनत्व 87 व्यक्ति प्रति वर्ग किमी है। सिंगापुर में सर्वाधिक (7640व्यक्ति /वर्ग किमी), जबकि मंगोलिया में सबसे कम (2 व्यक्ति/वर्ग किमी) जन-घनत्व है। एशिया को हिन्दु (भारत), इस्लाम (अरब), ईसाई (इजरायल), बौद्ध तथा जैन (भारत), सिख (भारत) इत्यादि धर्मों का जन्मस्थान माना जाता है।
- कईं एशियाई देशों में एक भाषा बोली जाती है। इण्डोनेश्यि में 600 भाषाएं, जबकि भारत में 800 भाषाएँ अस्तित्व में हे। मन्दारिन (मानक चाइनीज) एशिया में सर्वाधिक जनसंख्या द्वारा बोलने वाले लोगों की संख्या 96 करोड़ है।
प्राकृतिक संसाधन
- यांग्जिक्यांब एशिया की सबसे लम्बी तथा विश्व की तीसरी सबसे लम्बी नदी है। बंगाल की खाड़ी एशिया तथा विश्व की सबसे बड़ी खाड़ी है।
- ब्रह्मपुत्र तथा गंगा, एशिया की अन्य लम्बी नदियाँ हैं। बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली इन दोनों नदियों का डेल्टा विश्व में सबसे बड़ा डेल्टा है।
- ईरान का पठार 36 लाख वर्ग किमी में फैला है। इसमें ’दस्त-ए-कबीर’ तथा ’दस्त-ए-लुत’ नामक रेगिस्तान भी स्थित है।
- पामीर का ’संसार की छत’ कहा जाता है। यह विश्व का सबसे ऊँचा पठार है जो तिब्बत (चीन) में स्थित है। हिमालय पर्वत श्रृंखला के साथ एशिया में हिन्दूकुश, क्यूनलुन तथा काराकोरम पर्वत श्रृंखलाएँ अवस्थित हैं। हिमालय पर्वत श्रृंखला में स्थित माउण्ट एवरेस्ट विश्व की सबसे ऊँचा पर्वत चोटी है।
- एशिया के उत्तरी क्षेत्र में टुण्ड्रा के दक्षिण में ’टैगा’ तथा शंकुधारी वनस्पति पाई जाती हैं। सुदूर दक्षिण में विषुवतीय वर्षा वन पाए जाते हैं। इन क्षेत्रों में सागौन, साल तथा चन्दन के वृक्ष पाए जाते हैं। एशिया में पश्चिमी साइबेरिया का मैदान, रूस में स्थित हैं यह क्षेत्र विश्व का सबसे बड़ा दलदली क्षेत्र भी है।
- ’गोबी’ एशिया का सबसे बड़ा शीत मरुस्थल है। सऊदी अरब में स्थित ’रब्बस अल खाली’ विश्व का सबसे बड़ा समुद्र तटीय रेगिस्तान है। ’थार मरुस्थल’ एशिया का सबसे गर्म मरुस्थल है। चीन को ’मदर ऑफ गार्डेन्स’ कहा जाता है। चीन में ’रेडवुड’ के जंगल पाए जाते हैं। ’सुन्दरबन’ विश्व का सबसे विस्तृत मैंग्रोव वन क्षेत्र है। यहाँ 200 से अधिक वन्यजीवों की प्रजातियाँ रहती है।
अर्थव्यवस्था
- एशिया महाद्वीप से विश्व के कुल चावल उत्पादन का 90ः भाग प्राप्त होता है। भारत सबसे बड़ा चावल उत्पादक देश है। गेहूँ उत्पादन में चीन विश्व में पहले स्थान पर है। चीन के बाद इस मामले में भारत का स्थान है। चीन, चाय का शीर्षस्थ उत्पादक है, जबकि भारत को एशिया में दूसरा स्थान प्राप्त है। गन्ना उत्पादन में भारत प्रथम है, जबकि विश्व में उसका दूसरा स्थान है।
- लौह-अयस्क रूस, चीन, भारत तथा अजरबैजान में, जबकि अभ्रक तथा बॉक्साइट भारत में पाया जाता है। मलेशिया में टिन बहुतायत मात्रा में पाया जाता है। एशिया में सर्वाधिक खनिज तेल का उत्पादन संयुक्त अरब अमीरात द्वारा किया जाता है। चीन, एशिया का सबसे बड़ा खनिज तेल आयातक देश है।
- इस्पात के उत्पादन में चीन को पहला और जापान को दूसरा स्थान प्राप्त है। भारत तीसरे स्थान पर है। एशिया महाद्वीप में चीन, जापान, दक्षिण कोरिया, भारत, सिंगापुर, मलेशिया तथा ताइवान प्रमुख औद्योगिक देश हैं।
- सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भारत, फिलिपीन्स, सिंगापुर तथा मलेशिया अग्रणी हैं। भारत एशिया के सबसे बड़े सॉफ्टवेयर निर्यातक देश के रूप में उभरा है।
- एशिया में सार्क, आसियान, एपेक तथा एससीओ आर्थिक मामलों में सहयोग की प्रक्रिया को आगे बढ़ा रहे हैं।
विकास के पैमाने पर
- एशिया महाद्वीप के देशों में मानव विकास सूचकांक (एचडीआई) के आधार पर विषमता अधिक गहरी है।
- एचडीआइ्र 2016 में सिंगापुर को 5वाँ, हाँगकाँग को 12वाँ, जापान को 17वाँ स्थान दिया गया तथा इन देशों को अधिक उच्च मानव विकास सूचकांक प्राप्त हुआ।


